1 अब टेक्स्ट से बनेगा वीडियो, स्वदेशी एआई मॉडल ‘वार्या’ लॉन्च

भारत एआई मिशन के सहयोग से विकसित स्वदेशी वीडियो जनरेशन एआई मॉडल ‘वार्या’ को गुरुवार को लॉन्च किया गया। इसे एआई-आधारित ट्रांसफॉर्मेशन कंपनी अवतार ने विकसित किया है। कंपनी का दावा है कि यह मॉडल उच्च गुणवत्ता वाले वीडियो बेहद कम लागत और कम समय में तैयार कर सकता है, जिससे एआई वीडियो निर्माण को बड़े पैमाने पर आम लोगों तक पहुंचाया जा सकेगा। ‘वार्या’ को भारत की विविध सांस्कृतिक, भाषाई और सामाजिक परिस्थितियों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। यह मॉडल देश के विभिन्न क्षेत्रों, त्योहारों, समुदायों, भोजन, परिधान, सार्वजनिक स्थलों और दैनिक जीवन से जुड़े दृश्य तैयार करने में सक्षम है। इसका उद्देश्य केवल वीडियो बनाना नहीं, बल्कि साधारण विचारों को प्रभावशाली दृश्य कहानियों में बदलना है। अवतार उन कंपनियों में शामिल है जिन्हें भारत एआई मिशन के तहत स्वदेशी फाउंडेशन एआई क्षमताओं के विकास के लिए चुना गया था। मिशन द्वारा उपलब्ध कराए गए सब्सिडी वाले राष्ट्रीय एआई कंप्यूटिंग ढांचे ने ‘वार्या’ के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कंपनी ने बताया कि ‘वार्या’ में डिस्टिलेशन तकनीक का उपयोग किया गया है, जिसके माध्यम से वीडियो निर्माण की प्रक्रिया 50 चरणों से घटकर मात्र 4 चरणों में पूरी हो जाती है। इसके बावजूद वीडियो की गुणवत्ता प्रभावित नहीं होती।
2 भारतीय मानक ब्यूरो ने स्वदेशी फसल किस्मों की सुरक्षा और सतत विकास लक्ष्य-2 के अनुरूप आईएस 20201:2026 जारी किया

केंद्र सरकार के उपभोक्ता मामले विभाग के अंतर्गत भारतीय मानक ब्यूरो ने हाल में आईएस 20201:2026 सामुदायिक बीज बैंक प्रबंधन नयी भारतीय मानक आवश्यकताएं प्रकाशित की हैं। मानक ब्यूरो के पर्यावरण और पारिस्थितिकी विभाग – ईईडी के अंतर्गत जैव विविधता अनुभागीय समिति (ईईडी-06) द्वारा तैयार मानक, पूरे देश में सामुदायिक बीज बैंकों (सीएसबी) के लिए एक व्यापक, संरचित प्रबंधन ढांचा प्रदान करता है। कृषि प्रधान समाज होने से भारत अनियमित वर्षा, बढ़ते तापमान और दीर्घकालिक सूखे सहित जलवायु परिवर्तन के प्रभावों का सामना कर रहा है; ऐसे में भारत की देशी बीज की किस्में अमूल्य और महत्वपूर्ण संसाधन हैं। विभिन्न पारंपरिक बीजों में प्राकृतिक सूखा सहन करने, रोग प्रतिरोधक क्षमता और उच्च पोषण गुण पाए जाते हैं। विकेंद्रीकृत, समुदाय-संचालित बीज बैंकों के लिए मानकीकृत संचालन नियम प्रदान कर, आईएस 20201:2026 इन स्वदेशी बीजों के संरक्षण को बढ़ावा देता है, जिससे कृषि क्षमता में वृद्धि और दीर्घकालिक खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित हो। यह राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा एवं पोषण मिशन जैसी केंद्रीय पहल को भी सुदृढ़ करता है, जिसमें सामुदायिक बीज बैंकों की स्थापना के लिए 50 लाख रुपये की एकमुश्त सहायता दी जाती है। साथ ही इसमें पौध किस्म और कृषक अधिकार संरक्षण अधिनियम 2001 तथा जैव विविधता अधिनियम, 2002 के अंतर्गत वैधानिक सुरक्षा प्रदान की जाती है। भारतीय मानक ब्यूरो की स्थापना बीआईएस अधिनियम, 2016 के तहत की गई थी। यह भारत का राष्ट्रीय मानक निकाय है जो मानकीकरण, अंकन और गुणवत्ता प्रमाणीकरण गतिविधियों के सामंजस्यपूर्ण विकास में शामिल है।

भारत सरकार के खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय (MoFPI) ने विश्व बैंक समूह के सहयोग से अहमदाबाद, गुजरात में “सेप्लिंग डायलॉग 2026” (SAPLING Dialogue 2026) नामक दो दिवसीय क्षेत्रीय उच्च स्तरीय नीति संवाद का सफलतापूर्वक समापन किया। द साउथ एशियन पॉलिसी लीडरशिप फॉर इम्प्रूव्ड न्यूट्रिशन एंड ग्रोथ (SAPLING) विश्व बैंक समूह के नेतृत्व में एक बहु-हितधारक प्लेटफॉर्म है, जो नीतिगत सुधार, निवेश संग्रहण और एग्री-टेक (कृषि-तकनीक) के विस्तार पर केंद्रित है। यह विश्व बैंक की ‘एग्रीकनेक्ट’ पहल के साथ पूरी तरह से सुमेलित है, जिसका उद्देश्य बुनियादी ढाँचे और नीतिगत सुधारों के माध्यम से वर्ष 2030 तक 300 मिलियन (30 करोड़) किसानों तक पहुँच बनाना है।
थीम: यह संवाद/डायलॉग “वैल्यू अनलॉक करना: दक्षिण एशिया में रोज़गार सृजन और सतत विकास के लिये खाद्य प्रसंस्करण को आगे बढ़ाना” पर केंद्रित था।

हाल ही में, केरल वन विभाग ने अपने ‘हॉक‘ (HAWK – हॉस्टाइल एक्टिविटी वॉच कर्नल) सिस्टम के लिये ई-कोर्ट इंटीग्रेशन सुविधा शुरू की है, जिससे केरल पूरी तरह से डिजिटल और जुडिशिएरी-इंटीग्रेटेड वाइल्डलाइफ क्राइम मैनेजमेंट सिस्टम हासिल करने वाला भारत का पहला राज्य बन गया है। हॉक एक क्लाउड-आधारित सूचना प्रबंधन प्रणाली है जो वन्यजीव अपराधों, अपराधियों और वन्यजीवों की मृत्यु के अंतःसंबंधित (इंटरलिंक्ड) डेटाबेस का रखरखाव करती है। यह वन अधिकारियों को पारिस्थितिक खुफिया जानकारी (इकोलॉजिकल इंटेलिजेंस) और व्यापक मामलों के प्रबंधन में सहायता प्रदान करती है। इस प्रणाली को आदतन अपराधियों पर नज़र रखने, डेटा को केंद्रीकृत करने और अधिक प्रभावी वन्यजीव अपराध निगरानी तथा रोकथाम के लिये संपूर्ण राज्य में सूचना के अंतराल को समाप्त करने के उद्देश्य से विकसित किया गया था। हॉक को केरल वन विभाग और वाइल्डलाइफ ट्रस्ट ऑफ इंडिया (WTI) द्वारा संयुक्त रूप से विकसित किया गया था। इसका विकास वर्ष 2017 में शुरू हुआ, इसे आधिकारिक तौर पर वर्ष 2019 में केरल में लॉन्च किया गया और बाद में इसका विस्तार कर्नाटक (2022), तमिलनाडु (2025) और ओडिशा (2025) में भी किया गया।

हाल ही में, केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री ने विकसित भारत गारंटी फॉर रोज़गार एंड आजीविका मिशन ग्रामीण (VB-GRAM G) के लिये ₹95,692 करोड़ के अंतरिम आवंटन की घोषणा की, ताकि मनरेगा से सहज संक्रमण सुनिश्चित किया जा सके। विकसित भारत गारंटी फॉर रोज़गार एंड आजीविका मिशन ग्रामीण एक नई ग्रामीण रोज़गार और आजीविका योजना है, जिसने महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोज़गार गारंटी योजना (मनरेगा) का स्थान ले लिया है और यह 1 जुलाई, 2026 से प्रभावी होगी। यह योजना प्रत्येक ग्रामीण परिवार को, जिसके वयस्क सदस्य अकुशल शारीरिक कार्य करने के लिये स्वेच्छा से तैयार हों, एक वित्तीय वर्ष में 125 दिनों का गारंटीकृत मज़दूरी रोज़गार प्रदान करती है। यह कार्य पूरा होने के 15 दिनों के भीतर समय पर मज़दूरी के भुगतान को भी अनिवार्य बनाती है।वित्तपोषण ढाँचा राज्य की क्षमता के अनुसार तैयार किया गया है, जिसमें केंद्र-राज्य का अनुपात 60:40 है, पूर्वोत्तर और हिमालयी राज्यों के लिये 90:10 है तथा बिना विधानमंडल वाले केंद्रशासित प्रदेशों के लिये पूर्ण (100%) केंद्रीय वित्तपोषण है। अंतिम वितरण फॉर्मूला 1 जुलाई, 2026 को अधिसूचित किये जाने की संभावना है। मसौदा नियमों में राज्यों को केंद्रीय आवंटन निर्धारित करने के लिये 16वें वित्त आयोग के क्षैतिज वित्तीय हस्तांतरण फॉर्मूले का उपयोग करने का प्रस्ताव है। राज्य सरकारें बीज बोने और कटाई के चरम मौसम के दौरान कुल 60 दिनों की कार्य-रहित अवधि अधिसूचित कर सकती हैं, ताकि कृषि श्रमिकों की कमी को रोका जा सके, साथ ही यह सुनिश्चित किया जा सके कि श्रमिकों को वर्ष के शेष भाग में फिर भी 125 दिनों का रोज़गार मिले।

11 जून को विदेश मंत्रालय (MEA) ने सीनियर डिप्लोमैट रुद्र गौरव श्रेष्ठ को तुर्की में भारत का अगला राजदूत अपॉइंट किया। रुद्र 1999 बैच के इंडियन फॉरेन सर्विस (IFS) ऑफिसर हैं और वे 2023 से अब तक ईरान में भारत के राजदूत थे। रुद्र ने अपने डिप्लोमैटिक करियर के दौरान, फ्रांस, मॉरिशस, अफगानिस्तान, सिंगापुर और भूटान में काम किया है। रुद्र 2016 से 2019 तक मोजाम्बिक में भारत के हाई कमिश्नर भी रह चुके हैं। 2022 में रुद्र प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) में ऑफिसर ऑन स्पेशल ड्यूटी (OSD) रहे। रुद्र ने 2020 से 2023 तक प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) में जॉइंट सेक्रेटरी के तौर पर काम किया।
7 भारतीय सेना को कामिकाजे’ ड्रोन मिले

12 जून को भारतीय सेना को स्वदेशी रक्षा कंपनी SMPP ने 106 ‘कामिकाजे’ ड्रोन सौंपे। कामिकाजे ड्रोन को ‘पीसकीपर (अग्निवेग)’ नाम भी दिया गया है और ये ड्रोन 180km की रेंज तक हमला कर सकते हैं। ये ड्रोन टर्बोजेट इंजन से चलेंगे और इसमें 100 ऑपरेशनल और 6 ट्रेनिंग ड्रोन शामिल हैं। ये कामिकाजे ड्रोन 450kmph की स्पीड तक में उड़ सकते हैं, इसकी रफ्तार दुनिया में सबसे तेज उड़ने वाले पेरेग्रिन फाल्कन पक्षी की रफ्तार 320kmph से भी ज्यादा है। कामिकाजे ड्रोन पर जैमिंग का असर नहीं होगा और न कोई स्पूफिंग के जरिए इन्हें टारगेट से भटका सकेगा। यह डिलीवरी भारत की स्वदेशी रक्षा निर्माण क्षमता और अनमैन्ड वारफेयर के सहयोग से हुई है। इन्हें बेलारूसी फर्म केबी इंडेला की मदद से तैयार किया गया है। कामिकाजे ड्रोन ऐसे ड्रोन होते हैं जो लक्ष्य पर हमला करते समय खुद भी नष्ट हो जाते हैं। इन्हें लॉइटरिंग म्यूनिशन भी कहा जाता है। कामिकाजे ड्रोन का नाम सेकेंड वर्ल्ड वार के ‘कामिकाजे’ अटैक से लिया गया है। उस समय जापानी पायलट कामिकाजे यानी, विमानों को दुश्मन के जहाजों से टकराकर आत्मघाती हमला किया करते थे। ड्रोन्स का फायदा ये है कि ये सस्ते होते हैं और सटीक हमला कर सकते हैं और टैंक, रडार, तोप और सैन्य ठिकानों को निशाना बना सकते हैं। इस ड्रोन में अहम मिलिट्री इंफ्रास्ट्रक्चर, लॉजिस्टिक्स हब, कमांड सेंटर, रडार इंस्टॉलेशन और दूसरे रणनीतिक ठिकानों पर सटीक हमला करने की भी क्षमता है।

12 जून को Google के सीनियर डायरेक्टर रेने मयहोरफर ने अपने पद से इस्तीफा दिया। ऑस्ट्रियाई मूल के मयहोरफर एक साइंटिस्ट और सायबर सिक्योरिटी रिसर्चर हैं। रेने ने अपने पर्सनल ब्लॉग में रिजाइन के साथ ही Google पर AI से जुड़े सुरक्षा मामलों पर नैतिक मूल्यों से समझौता करने का आरोप भी लगाया है। रेने मोबाइल सिक्योरिटी, डिजिटल आइडेन्टिटी एन्क्रिप्शन, प्राइवेसी और नेटवर्क सिक्योरिटी जैसे सेक्टर्स में काम करने के लिए जाने जाते हैं। 2025 में रेने यूरोपियन कमीशन और एन्क्रिप्शन टेक्नोलॉजी रोडमेप एक्सपर्ट के तौर पर चुने गए थे। 2019 और 2023 के रिसर्च पेपर में उन्होंने बताया कि एंड्रॉयड किस तरह यूजर के ऐप और सिस्टम को साइबर खतरों से सुरक्षित रखता है।
9 SpaceX ने दुनिया का सबसे बड़ा $75 बिलियन का IPO जारी किया

12 जून को दुनिया के सबसे अमीर कारोबारी इलॉन मस्क की रॉकेट कंपनी SpaceX अमेरिकी शेयर मार्केट नैस्डैक पर लिस्ट हुई। कंपनी ने अपने IPO का फाइनल प्राइस 135 डॉलर तय किया है। 1.77 ट्रिलियन डॉलर यानी करीब 168 लाख करोड़ रुपए के वैल्यूएशन पर हो रही इस लिस्टिंग के बाद इलॉन मस्क दुनिया के पहले ट्रिलिनियर बन सकते हैं। SpaceX इस इश्यू के जरिए रिकॉर्ड 75 बिलियन डॉलर यानी करीब 7.15 लाख करोड़ रुपए जुटा रही है। SpaceX का ये अकेला IPO साल 2024 और 2025 में आए सभी अमेरिकी IPO की कुल जुटाई रकम से भी ज्यादा है। ये दुनिया का सबसे बड़ा IPO है। SpaceX का मूल्यांकन अब तक के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया है। मस्क की कुल संपत्ति ने 1 लाख करोड़ डॉलर (1 Trillion) का आंकड़ा पार कर लिया है। SpaceX की सफलता ने अंतरिक्ष पर्यटन और उपग्रह संचार क्षेत्र में नई संभावनाएं खोली हैं।
10 केन विलियमसन ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से लिया संन्यास

न्यूजीलैंड के पूर्व कप्तान केन विलियमसन ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को तत्काल प्रभाव से अलविदा कह दिया है। केन विलियमसन के नाम न्यूजीलैंड के लिए सबसे ज्यादा रन और शतक बनाने का रिकॉर्ड है। संन्यास के साथ ही विलियमसन के 16 साल लंबे अंतरराष्ट्रीय करियर का अंत हो गया है। विलियमसन ने अपना आखिरी टेस्ट लॉर्ड्स में खेला जिसमें न्यूजीलैंड को इंग्लैंड के हाथों हार का सामना करना पड़ा था। 35 साल के विलियमसन ने 2010 में टेस्ट और वनडे में और 2011 में टी20 में डेब्यू किया था। तीनों फॉर्मेट मिलाकर विलियमसन न्यूजीलैंड के लिए सबसे ज्यादा रन बनाने और सबसे ज्यादा शतक लगाने वाले बल्लेबाज हैं। तीनों फॉर्मेट मिलाकर 378 मैचों की 452 पारियों में 48 शतक और 103 अर्धशतक की मदद से विलियमसन ने 19,346 रन बनाए। विलियमसन न्यूजीलैंड के सफलतम कप्तान भी रहे हैं। दाएं हाथ के इस धाकड़ बल्लेबाज ने 40 टेस्ट, 91 वनडे और 75 टी20 में न्यूजीलैंड की कप्तानी की। उनकी कप्तानी में कीवी टीम ने 2019 वनडे विश्व कप का फाइनल खेली थी। विलियमसन प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट रहे थे। कीवी टीम उनकी कप्तानी में 2021 टी20 विश्व कप का फाइनल भी खेली थी। वहीं, विलियमसन की कप्तानी में न्यूजीलैंड ने भारत को हराकर 2021 टेस्ट चैंपियनशिप का खिताब जीता था।
11 एशियाई खेलों के स्वर्ण पदक विजेता जसपाल राणा का निधन

भारतीय निशानेबाज और एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक विजेता जसपाल राणा का नई दिल्ली के एक अस्पताल में निधन हो गया है। वे 49 वर्ष के थे। राणा भारतीय पिस्टल निशानेबाजों के प्रशिक्षक के रूप में कार्यरत थे। जसपाल राणा ने मनु भाकर को निशानेबाजी में प्रशिक्षित किया और वर्ष 2024 के पेरिस ओलंपिक में दो कांस्य पदक जीतने में मदद की। जसपाल फरवरी 2025 से 25 मीटर पिस्टल में भारत के हाई परफार्मेंस कोच थे। जसपाल को पिस्टल शूटिंग इवेंट्स, खासकर 25m सेंटर फायर पिस्टल, 25m स्टैंडर्ड पिस्टल और 10m एयर पिस्टल में महारत हासिल की। जसपाल राणा ने एशियन गेम्स में 8 मेडल जीते। इनमें 4 गोल्ड, 2 सिल्वर और 2 ब्रॉन्ज शामिल रहे। जस पाल ने कॉमनवेल्थ गेम्स में 9 गोल्ड सहित 15 मेडल जीते। इनमें 4 सिल्वर और दो ब्रॉन्ज भी शामिल हैं। जसपाल ने हिरोशिमा में 1994 के एशियाई खेलों में गोल्ड मेडल जीता। जसपाल को 1994 में अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित किया गया था। जसपाल ने 1996 के अटलांटा ओलंपिक्स में भारत का प्रतिनिधित्व किया था। 1997 में जसपाल को सरकार ने पद्म श्री से सम्मानित किया था। जसपाल ने 2006 के दोहा में एशियाई खेलों में कई गोल्ड मेडल जीते। इसमें 25m सेंटर फायर पिस्टल इवेंट में वर्ल्ड रिकॉर्ड की बराबरी का रिकॉर्ड भी शामिल है।