प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा-भारत निवेश के लिए विश्‍व में सबसे आकर्षक स्‍थल

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राष्ट्रीय न्यूज़

1.प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा-भारत निवेश के लिए विश्‍व में सबसे आकर्षक स्‍थल:-

New Delhi: Prime Minister Narendra Modi before the ceremonial welcome of Nepal’s President Bidhya Devi Bhandari at Rashtrapati Bhavan in New Delhi on Tuesday PTI Photo by Manvender Vashist (PTI4_18_2017_000077A)

प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने कहा है कि भारत निवेश के लिए विश्‍व में सबसे आ‍कर्षक स्‍थल बना रहेगा। जापान यात्रा के आखिरी दिन  श्री मोदी ने मेक इन इंडिया डिजिटल पार्ट‍नशिप एंड इंडो-जापान पाटर्नशिप इन अफ्रीका पर एक संगोष्‍ठी में ये बात कही। उन्‍होंने बताया कि भारत विश्‍व बैंक के ईज़ ऑफ डूईग बिजनेस रिपोर्ट में सौवें स्‍थान पर पहुंच गया है।

श्री मोदी ने विश्‍वास व्‍यक्‍त किया कि भारत में कारोबार करने के माहौल में और तेजी से सुधार होगा क्‍योंकि केन्‍द्र सरकार राज्‍यों और प्रशासन के साथ मिलकर काम कर रही है। प्रधानमंत्री ने कहा है कि भारत में उद्यम स्‍थापित करने के लिए जापान के न केवल बड़े उद्योग घरानों बल्कि मध्‍यम, लघु और सूक्ष्‍म उद्योगों का भी स्‍वागत है।

प्रधानमंत्री ने जोर दिया कि भारत के सॉफ्टवेयर के जापान के हार्डवेयर के साथ मेल से बहुत उपलब्धियां हासिल की जा सकती हैं। उन्‍होंने कहा कि भारत में विश्‍वस्‍तरीय बुनियादी ढांचे के तेजी से विकास से बेहतर माहौल बन रहा है। हमारे संवाददाता ने बताया है कि श्री मोदी और जापान के प्रधानमंत्री  तोक्‍यो में तेरहवें द्विपक्षीय शिखर सम्‍मेलन में बातचीत करेंगे।

2.गुजरात वन विभाग, स्टैच्यू ऑफ यूनिटी परियोजना के समीप नर्मदा नदी के तट पर पर्यटकों के आकर्षण के लिए फूलों की घाटी का विकास कर रहा है:-

गुजरात में राज्य वन विभाग, स्टैच्यू ऑफ यूनिटी परियोजना के समीप नर्मदा नदी के तट पर पर्यटकों के आकर्षण के लिए फूलों की घाटी का विकास कर रहा है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी बुधवार को सरदार सरोवर नर्मदा बांध के समीप लौह पुरूष सरदार वल्लभाई पटेल को समर्पित विश्व की सबसे ऊंची प्रतिमा का अनावरण करेंगे।

3.भारत-जापान के बीच दोस्ती हुई मजबूत, रक्षा से लेकर कृषि तक हुए 32 समझौते:-

टोक्यो में भारत व जापान के प्रधानमंत्रियों के बीच हुई सालाना बैठक के बाद 32 समझौतों पर हस्ताक्षर किये गये। इसमें योगा से लेकर रक्षा तक और डिजिटल भुगतान से लेकर खाद्य प्रसंस्करण जैसे क्षेत्र शामिल हैं जो बताता है कि दोनों देशों के बीच रिश्तों की व्यापकता कितनी तेजी से बढ़ रही है।पिछले वर्ष दोनों नेताओं की अगुवाई में 15 समझौतों पर हस्ताक्षर किये गये थे, जो समझौते किये गये हैं उनमें चार ऋण क्षेत्र के समझौते हैं। इनमें अहमदाबाद-मुंबई हाई स्पीड रेल नेटवर्क, दिल्ली मेट्रो (फेज तीन), पूर्वोत्तर क्षेत्र में रोड नेटवर्क बनाने जैसे अहम परियोजनाएं शामिल हैं।इन समझौतों में एक आशय पत्र का आदान-प्रदान भी शामिल हैं, जिसके मुताबिक 57 जापान की कंपनियां भारत में निवेश करने के लिए तैयार हैं जबकि 15 भारतीय कंपनियां जापान में निवेश करेंगी।

कुछ अन्य समझौते निम्नवत हैं।

  • जापान व भारत की नौ सेनाओं के बीच सहयोग के लिए समझौता
  • तीसरे देशों में परियोजना लगाने के लिए समझौता
  • खाद्य प्रसंस्करण में जापानी निवेश को बढ़ावा देने संबंधी समझौता
  • भारत में मत्स्य पालन संबंधी ढांचागत सुविधा लगाने के लिए समझौता
  • महाराष्ट्र व उत्तर प्रदेश में अलग से कृषि सहयोग के लिए समझौता
  • रोबोटिक्स निर्माण व आर्टिफिसिएल इंटेलिजेंस के क्षेत्र में साथ करेंगे काम
  • भारत में खेल सुविधाओं के विकास में जापान देगा मदद
  • एसबीआइ और हिताची पेमेंट सर्विस लिमिटेड के बीच समझौता
  • जापान में भारत की पारंपरिक चिकित्सा पद्धति योगा व आयुर्वेद को बढ़ावा देने के लिए समझौता

अंतरराष्ट्रीय न्यूज़

4.ब्राजील में दक्षिणपंथी उम्‍मीदवार जाहर बोलसोनारो ने राष्‍ट्रपति चुनाव में जीत दर्ज की:-

ब्राजील में धुर-दक्षिणपंथी उम्‍मीदवार जैर बोलसोनारो ने राष्‍ट्रपति चुनाव में जबर्दस्‍त जीत हासिल की है। लगभग सभी मतों की गिनती पूरी हो चुकी है और श्री बोलसोनारो को 55 प्रतिशत वोट मिले हैं। उनके प्रतिद्वंद्वी वामपंथी वर्कर्स पार्टी के उम्‍मीदवार फर्नांडो हेडड को 45 प्रतिशत वोट मिले हैं।

श्री बोल्‍सोनारो अगले वर्ष एक जनवरी से कार्यभार संभालेंगे। अपनी जीत के बाद एक भाषण में निर्वाचित राष्‍ट्रपति ने कहा कि वे संविधान लोकतंत्र और स्‍वतंत्रता की रक्षा करेंगे। उन्‍होंने कहा कि वे ब्राजील को फिर से महान राष्‍ट्र बनायेंगे।

खेल न्यूज़

5. 47 साल के वनडे इतिहास में ऐसा कमाल करने वाले दुनिया के पहले खिलाड़ी बने ‘रोहित’:-

भारत और वेस्टइंडीज के बीच चौथे वनडे में रोहित शर्मा ने पहले तो बल्ले से विडिंज गेंदबाजों की धुनाई की और उसके बाद जब फील्डिंग करने आए तो वहां भी उन्होंने मेहमान टीम का पीछा नहीं छोड़ा। रोहित ने पहले बल्लेबाजी करते हुए शानदार 162 रन की पारी खेली और उसके बाद उन्होंने 3 कैच भी पकड़े। अब किसी वनडे मैच में 150 रन से ज्यादा का स्कोर और फील्डिर के तौर पर ( विकेटकीपर नहीं) 3 कैच लेने वाले वह दुनिया के पहले खिलाड़ी है। रोहित के इस बड़े शतक की बदौलत भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवर में 377 रन का स्कोर बनाया। रोहित ने 137 गेंद पर 162 रन बनाए। अपनी इस पारी में उन्होंने 20 चौके और 4 छक्के लगाए।

रोहित ने फिल्डिंग करते हुए स्लिप में पहले खलील अहमद की गेंद पर सैमुअल्स का कैच पकड़ा और उसके बाद कुलदीप यादव की गेंदबाजी के दौरान उन्होंने फबियन एलेन और एशले नर्स का कैच भी पकड़ा। इस तरह सोमवार का दिन उनके ये रिकॉर्डतोड़ दिन रहा।

रोहित ने सचिन को भी छोड़ा पीछे

भारत की तरफ से वनडे क्रिकेट में सबसे ज्यादा छक्का लगाने के मामले में रोहित शर्मा ने सचिन तेंदुलकर को पीछे छोड़ दिया है। वनडे क्रिकेट में सचिन के नाम पर कुल 195 छक्के थे, लेकिन रोहित ने अब तेंदुलकर के इस रिकॉर्ड को तोड़ दिया है।

इस मैच से पहले रोहित के नाम पर वनडे क्रिकटे में कुल 194 छक्के दर्ज थे और इस मैच में उन्होंने दो छक्के लगाकर सचिन तेंदुलकर के रिकॉर्ड को तोड़ दिया। इसके बाद भी रोहित नहीं रूके और वेस्टइंडीज़ के गेंदबाज़ों की धज्जियां उड़ाते रहे। 162 रन की इस पारी में उन्होंने 20 चौके और 04 छक्के जड़े। यानि की वनडे क्रिकेट में अब उनके नाम 198 छक्के हो गए हैं।

6.पाकिस्तान के खिलाफ टी20 सीरीज में न्यूजीलैंड की तरफ से खेलेगा भारतीय मूल का ये स्पिनर:-

भारतीय मूल के स्पिनर एजाज पटेल को पाकिस्तान के खिलाफ खेले जाने वाले तीन टी 20 मैचों की सीरीज के लिए न्यूजीलैंड के 14 सदस्यीय टीम में जगह दी गई है। इससे पहले एजाज को पाकिस्तान के खिलाफ टेस्ट सीरीज के लिए न्यूजीलैंड की टेस्ट टीम में शामिल किया गया था। न्यूजीलैंड की टीम को अबूधाबी में पाकिस्तान के खिलाफ तीन टेस्ट, पांच वनडे और तीन टी 20 मैचों की सीरीज खेलनी है जिसकी शुरुआत 31 अक्टूबर से होगी।

एजाज पटेल ने वर्ष 2015 में फोर्ड ट्रॉफी के जरिए लिस्ट ए क्रिकेट में अपना डेब्यू किया था। इस वर्ष अप्रैल में वो न्यूजीलैंड क्रिकेट अवॉर्ड में मेन्स डोमेस्टिक प्लेयर ऑफ द ईयर चुने गए थे। इसके अलावा पटेल न्यूजीलैंड ए टीम की तरफ से दुबई में पाकिस्तान ए टीम के खिलाफ हाल ही में खेले गए टी 20 सीरीज का हिस्सा थे। पिछले कुछ दिनों से वो दुबई में ही हैं और वहां की परिस्थिति में पूरी तरह से रम गए हैं जिसका फायदा उन्हें मिेलेगा।

बाज़ार न्यूज़

7.असम सरकार अमृत योजना के तहत ब्रह्मपुत्र नदी के जल का इस्‍तेमाल कर राज्‍य को पेयजल की सुविधाएं उपलब्‍ध कराएगी:-

असम सरकार अमृत योजना के तहत मुख्‍य स्रोत के रूप में ब्रह्मपुत्र नदी के जल का इस्‍तेमाल कर राज्‍य के शहरी परिवारों को पेयजल की सुविधाएं उपलब्‍ध कराएगी। गुवाहाटी में आकाशवाणी से बातचीत में असम शहरी जल आपूर्ति और मल-जल बोर्ड के अध्‍यक्ष डॉ. नुमल मुमीन ने बताया कि यह महत्‍वाकांक्षी परियोजना केंद्र की वित्‍तीय सहायता से जल्‍द ही शुरू की जाएगी। उन्‍होंने बताया कि इससे संखिया और फ्लोराइड रहित पेयजल उपलब्‍ध कराने में मदद मिलेगी।

डॉ. मुमीन ने बताया कि निष्क्रिय शहरी जल आपूर्ति योजनाओं को पूरा करने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं। उन्‍होंने यह भी बताया कि राज्‍य सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में निष्क्रिय जल आपूर्ति योजनाओं को पूरा करने के लिए प्रत्‍येक विधानसभा क्षेत्रों में 50-50 लाख रूपये की सहायता राशि मुहैया कराएगी।

8.ओएनजीसी को मिलेगा जीएसपीसी के तकनीकी अनुभव का लाभ:-

Image result for ONGC gains GSPC's technical experience

गुजरात स्टेट पेट्रोलियम कॉरपोरेशन (जीएसपीसी) के अधिग्रहण से ओएनजीसी को उच्च दाब उच्च ताप (एचपीएचटी) वाले तेल व गैस क्षेत्रों में उत्पादन में मदद मिलेगी। तेल व गैस उत्पादन के मामले में एचपीएचटी क्षेत्रों को बेहद मुश्किल भरा माना जाता है। ऐसे क्षेत्रों के लिए जीएसपीसी के पास उपलब्ध तकनीक ओएनजीसी के लिए बेहद फायदेमंद साबित होगी।जीएसपीसी के अधिग्रहण को लेकर उठ रहे सवालों के बीच तेल व गैस क्षेत्र के जानकार मान रहे हैं कि इस क्षेत्र की सार्वजनिक कंपनी ओएनजीसी के लिए यह फायदे का सौदा है। जीएसपीसी के पास एचपीएचटी से खनन की तकनीक पहले से ही मौजूद थी। ऑयल एंड नेचुरल गैस कॉरपोरेशन (ओएनजीसी) के पास ऐसे तेल व गैस क्षेत्र होने के बावजूद यह तकनीक नहीं थी। ओएनजीसी के पूर्व सीएमडी दिनेश कुमार सर्राफ का मानना है कि यही तेल व गैस क्षेत्र ऐसे हैं जहां से आने वाले समय में उत्पादन का बड़ा हिस्सा आना है। ऐसे में यह सौदा ओएनजीसी के लिए फायदेमंद है। गौरतलब है कि सौदे के वक्त सर्राफ ओएनजीसी के चेयरमैन थे।सर्राफ के मुताबिक जब ओएनजीसी ने जीएसपीसी के अधिग्रहण को लेकर कंपनी के भीतर चर्चा शुरु की तब तक जीएसपीसी इन क्षेत्रों से उत्पादन के लिए बुनियादी ढांचा भी तैयार कर चुकी थी जिस पर दो अरब डॉलर का निवेश किया गया था। तेल व गैस क्षेत्र के जानकार मानते हैं कि जीएसपीसी के पास उपलब्ध फील्ड की भौगोलिक स्थितियां भी ओएनजीसी के अनुकूल हैं। इन्हें ओएनजीसी के तेल क्षेत्रों के साथ कनेक्ट करना आसान है। जहां तक अधिग्रहण के लिए दी गई कीमत का सवाल है सर्राफ कहते हैं कि जीएसपीसी ने अधिग्रहण के लिए 20,000 करोड़ रुपये की मांग रखी थी, लेकिन उसे घटाकर करीब साढ़े सात हजार करोड़ तक लाया गया। गौरतलब है कि ओएनजीसी के कर्मचारी संगठन ने हाल ही में प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर इस अधिग्रहण को कंपनी के लिए नुकसानदायक बताया है।