भारत अगले महीने संयुक्त राष्ट्र में महात्मा गांधी की प्रतिमा का अनावरण करेगा

0
38

1. राष्ट्रपति अंतर्राष्ट्रीय गीता संगोष्ठी में शामिल हुईं, स्वास्थ्य, सड़क परिवहन तथा शिक्षा से संबंधित हरियाणा सरकार की विभिन्न परियोजनाओं को लांच किया/आधारशिला रखी

राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मु 29 नवंबर, 2022 को हरियाणा के कुरुक्षेत्र में अंतर्राष्ट्रीय गीता संगोष्ठी में शामिल हुईं। उन्होंने ‘मुख्यमंत्री स्वास्थ्य सर्वेक्षण योजना’ तथा सभी सार्वजनिक सड़क परिवहन सुविधाओं के लिए हरियाणा ई- टिकटिंग परियोजनाओं का भी शुभारंभ किया और वर्चुअल तरीके से सिरसा में एक चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल का भी शिलान्यास किया। ‘मुख्यमंत्री स्वास्थ्य सर्वेक्षण योजना’ के अंतर्गत प्रदेश के लोगों का हेल्थ चेकअप किया जाएगा। योजना के प्रथम चरण में अंत्योदय परिवार के लोगों को शामिल किया गया है। प्रारंभिक चरण में 6 डिपो अर्थात् चंडीगढ़, करनाल, फरीदाबाद, सोनीपत, भिवानी और सिरसा में ई-टिकटिंग परियोजना को लागू किया गया है। इसी तरह हरियाणा रोडवेज के शेष 18 डिपो में जनवरी 2023 के अंत तक परियोजना को पूरी तरह से लागू करने का लक्ष्य रखा गया है। राष्ट्रपति मुर्मू ने सिरसा जिले में 21 एकड़ भूमि पर बनने वाले चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल की भी आधारशिला रखी। यह मेडिकल कॉलेज करीब 950 करोड़ रुपये की लागत से तैयार होगा। इससे सिरसा जिले व आसपास के अन्य क्षेत्रों की जनता को अत्याधुनिक स्वास्थ्य संबंधी सुविधाएं मिलेंगी। राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी), कुरुक्षेत्र के 18वें दीक्षांत समारोह में भी शामिल हुईं।

2. नीति आयोग ने कार्बन संकलन, उपयोग और भंडारण नीति के ढांचे और इसके लागू करने की व्‍यवस्‍था का शुभारंभ किया

नीति आयोग ने कार्बन संकलन, उपयोग और भंडारण-सीसीयूएस नीति के ढांचे और भारत में इसके लागू करने की व्‍यवस्‍था का शुभारंभ किया। इससे सम्‍बन्धित रिपोर्ट की शुरूआत नई दिल्‍ली में नीति आयोग के उपाध्‍यक्ष सुमन के.बेरी ने विद्युत सचिव आलोक कुमार, सदस्‍य नीति आयोग डॉक्‍टर वी. सारस्‍वत और अन्‍य अधिकारियों की उपस्थिति में की। यह रिपोर्ट ऊर्जा और विद्युत क्षेत्र के विभिन्‍न पक्षों से प्राप्‍त बहुमूल्‍य सूचना के आधार पर तैयार की गयी है। इससे पहले सरकार ने अपस्‍ट्रीम ईएण्‍डपी कंपनियों के लिए 2030 सीसीयूएस रोड मैप से सम्‍बन्धित प्रारूप नीति को देश में सभी पक्षों से सुझाव लेने के लिए सार्वजनिक किया था। सीसीएयू नीति ढांचे का उद्देश्‍य भारत में कार्बन संकलन, उपयोग और भंडारण से सम्‍बन्धित अनुसंधान और विकास में तेजी लाने के लिए एक व्‍यावहारिक ढांचा विकसित और लागू करना है। भारत, चीन और अमरीका के बाद तीसरा सबसे अधिक कार्बन डायक्‍साइड उत्‍सर्जन करने वाला देश है जो प्रति वर्ष 2 दशमल 6 गिगा टन उत्‍सर्जन करता है। भारत के लिए अपने कार्बन उत्‍सर्जन समाप्‍त करने का लक्ष्‍य हासिल करने के वास्‍ते कार्बन संकलन, उपयोग और भंडारण अत्‍यंत आवश्‍यक है। ग्‍लास्‍गो में पिछले वर्ष प्रदूषण से सम्‍बन्धित सम्‍मेलन में प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने 2070 तक जीरो उत्‍सर्जन हासिल करने समेत जलवायु परिवर्तन में बेहद कमी लाने के पंचामृत की घोषणा की थी। भारत सरकार 2050 तक कार्बन डायक्‍साइड उत्‍सर्जन को आधा करने के लिए कृत्‍त संकल्‍प है।

3. कोविड से बचाव के लिए नाक से दिये जाने वाले दुनिया के पहले टीके iNCOVACC को भारत में बूस्टर खुराक के रूप में मंजूरी

कोविड से बचाव के लिए नाक से दिये जाने वाले दुनिया के पहले टीके iNCOVACC को भारतीय औ‍षधि महानियंत्रक ने कोविड बूस्टर खुराक के रूप में स्‍वीकृति दे दी है। विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि भारत, प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी के नेतृत्व में कोविड देखभाल का मार्गदर्शन कर रहा है। उन्होंने इस टीके के विकास और डीसीजीआई की मंजूरी प्राप्त करने के लिए डॉ. राजेश गोखले के नेतृत्व में जैव प्रौद्योगिकी विभाग को बधाई दी।

4. भारत अगले महीने संयुक्त राष्ट्र में महात्मा गांधी की प्रतिमा का अनावरण करेगा

भारत अगले महीने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की अध्यक्षता के दौरान संयुक्त राष्ट्र में महात्मा गांधी की प्रतिमा का अनावरण करेगा। संयुक्‍त राष्‍ट्र सुरक्षा परिषद की एक महीने की भारत की अध्‍यक्षता के दौरान विदेश मंत्री एस जयशंकर की उपस्थिति में 14 दिसंबर को अनावरण किया जायेगा। प्रतिमा को संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय के विस्‍तारित उत्तरी लॉन में रखा जाएगा। भारत की ओर से भेंट की गई यह पहली गांधी प्रतिमा होगी जिसे संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में स्थापित किया जाएगा।

5. भारत ने मालदीव को सौ मिलियन अमरीकी डॉलर की वित्‍तीय सहायता प्रदान की

भारत ने मालदीव को सौ मिलियन अमरीकी डॉलर की वित्‍तीय सहायता प्रदान की है। द्वीप -समूह के इस देश में कठिन आर्थिक स्थिति पर काबू पाने के लिए बजट के रूप में वित्‍तीय सहायता का इस्‍तेमाल किया जायेगा। यह सहायता बिना किसी शर्त के लिए दी गयी है और मालदीव इसका आर्थिक बहाली के लिए अपनी समझ-बूझ के आधार पर उपयोग करेगा।

6. भारतीय रिजर्व बैंक ने इस वर्ष पहली दिसंबर से प्रायोगिक आधार पर खुदरा डिजिटल रुपया शुरू करने की घोषणा की

भारतीय रिजर्व बैंक ने इस वर्ष पहली दिसंबर से प्रायोगिक आधार पर खुदरा डिजिटल रुपया शुरू करने की घोषणा की है। रिजर्व बैंक की प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार इसके लिए आठ बैंकों की पहचान की गई है। पहले चरण में इसकी शुरूआत चार शहरों में भारतीय स्‍टेट बैंक, आई सी आई सी आई बैंक, यस बैंक और आई डी एफ सी फर्स्ट बैंक से की जाएगी। बाद में बैंक ऑफ बड़ौदा, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, एच डी एफ सी बैंक और कोटक महिंद्रा बैंक सहित चार और बैंक इसमें शामिल किए जायेंगे। प्रायोगिक आधार पर डिजिटल रूपये की शुरूआत मुंबई, नई दिल्ली, बेंगलुरु और भुवनेश्वर शहरों में की जायेगी। बाद में इसका विस्‍तार अहमदाबाद, गंगटोक, गुवाहाटी, हैदराबाद, इंदौर, कोच्चि, लखनऊ, पटना और शिमला तक किया जाएगा। आवश्यक होने पर इसका दायरा धीरे-धीरे बढ़ाया जा सकता है। प्रायोगिक आधार पर डिजिटल रूपया ग्राहकों और व्‍यापारियों के क्‍लोज्‍ड यूजर ग्रुप में चुनिंदा स्थानों पर उपलब्‍ध होगा। डिजिटल रुपया एक डिजिटल टोकन के रूप में होगा और इसकी कानूनी वैधता होगी। उपयोगकर्ता मोबाइल फोन पर बैंक द्वारा उपलब्‍ध कराये गये डिजिटल वॉलेट के माध्यम से डिजिटल रुपये का लेन-देन कर सकेंगे। व्‍यक्ति से व्‍यक्ति और व्‍यक्ति से कारोबारी दोनों के बीच डिजिटल रूपये में लेन-देन संभव होगा। क्‍यू आर कोड का उपयोग करके व्‍यापारियों को भुगतान किया जा सकेगा।

7. 7वाँ वैश्विक प्रौद्योगिकी शिखर सम्मेलन नई दिल्ली में शुरू

7वें वैश्विक प्रौद्योगिकी शिखर सम्मेलन नई दिल्ली में शुरू हो रहा है। वैश्विक प्रौद्योगिकी शिखर सम्मेलन (Global Technology Summit- GTS) भारत की ओर से आयोजित इस तीन दिवसीय इस सम्मेलन में प्रतिनिधि भौतिक और वर्चुअल दोनों तरीकों से भाग लेंगे। विदेश मंत्रालय और कार्नेगी इंडिया की मेज़बानी में भू-प्रौद्योगिकी पर होने वाला यह भारत का प्रमुख वार्षिक सम्मेलन है। इस सम्मेलन के उद्घाटन सत्र को विदेश मंत्री संबोधित करेंगे और इसका मुख्य विषय भू-डिजिटल व्यवस्था और इसके प्रभाव हैं। विदेश मंत्रालय के अनुसार इस सम्मेलन में प्रौद्योगिकी, सरकार, सुरक्षा, अंतरिक्ष, स्टार्टअप, डाटा, कानून, लोक स्वास्थ्य, जलवायु परिवर्तन, अकादमिक और आर्थिक मुद्दों पर विश्व के प्रमुख बुद्धिजीवी अपने विचार प्रस्तुत करने के साथ-साथ प्रौद्योगिकी तथा इसके भविष्य के संबंध में महत्त्वपूर्ण प्रश्नों पर चर्चा की जाएगी। GTS 2022 में 50 से अधिक पैनल चर्चा, मुख्य भाषण, पुस्तक विमोचन और अन्य कार्यक्रमों में 100 से अधिक वक्ता भाग लेंगे। अमेरिका, सिंगापुर, जापान, नाइज़ीरिया, ब्राज़ील, भूटान, यूरोपीय संघ और अन्य देशों के मंत्री और वरिष्ठ सरकारी अधिकारी भी शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे।

8. ‘यानम’ इतिहास में संस्कृत भाषा में पहली विज्ञान वृत्तचित्र

यानम’ वृत्तचित्र भारत के ड्रीम प्रोजेक्ट मंगलयान मिशन को चित्रित करती है। यह विश्व सिनेमा के इतिहास में संस्कृत भाषा में पहली विज्ञान वृत्तचित्र है। यह पूर्व अंतरिक्ष अध्यक्ष पद्म भूषण डॉ. के. राधाकृष्णन की आत्मकथात्मक पुस्तक “माई ओडिसी: मेमोयर्स ऑफ द मैन बिहाइंड द मंगलयान मिशन” पर आधारित है।‘यानम’ गोवा में भारतीय अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव (आईएफएफआई) के 53वें संस्करण में भारतीय पैनोरमा खंड के तहत प्रदर्शित एक गैर-फीचर वृत्तचित्र है। यह भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) की क्षमता और विशेषज्ञता, अंतरिक्ष वैज्ञानिकों के महत्वपूर्ण योगदान और संस्कृत भाषा के महत्व को दर्शाती है कि कैसे भारत ने पहले ही प्रयास में एक कठिन अंतर्ग्रहीय यात्रा को पार कर एक शानदार जीत हासिल की।

9. अग्निकुल कॉसमॉस ने भारत का पहला निजी लॉन्चपैड स्थापित किया

श्रीहरिकोटा में सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र (एसडीएससी) में इसरो परिसर के भीतर भारत का पहला निजी लॉन्चपैड और मिशन नियंत्रण केंद्र स्थापित किया गया है। लॉन्चपैड को चेन्नई स्थित स्पेस-टेक स्टार्टअप अग्निकुल कॉसमॉस द्वारा डिजाइन और संचालित किया गया है। इस सुविधा का उद्घाटन 25 नवंबर 2022 को भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) के अध्यक्ष और अंतरिक्ष विभाग के सचिव एस सोमनाथ द्वारा किया गया था।

10. भारत और ऑस्ट्रेलिया की सेनाओं के बीच संयुक्त सैन्य अभ्यास ऑस्ट्रा हिंद राजस्थान के महाजन फायरिंग रेंज में शुरू हुआ

भारत और ऑस्ट्रेलिया की सेनाओं के बीच संयुक्त सैन्य अभ्यास ऑस्ट्रा हिंद राजस्थान के महाजन फायरिंग रेंज में शुरू हो गया है। अभ्यास का उद्देश्य विभिन्न क्षेत्रों में अभियान संचालित करने की अपनी क्षमता बढ़ाना है। ऑस्ट्रेलिया और भारत के बीच संयुक्त युद्धाभ्यास ऑस्ट्रा-हिंद-22 श्रृंखला का यह प्रथम अभ्यास है। यह द्विपक्षीय प्रशिक्षण अभ्यास 11 दिसंबर तक चलेगा।

11. पूर्व स्‍वास्‍थ्‍य सचिव प्रीति सूदन केंद्रीय संघ लोकसेवा आयोग की सदस्‍य नियुक्‍त

पूर्व स्‍वास्‍थ्‍य सचिव प्रीति सूदन को केंद्रीय संघ लोकसेवा आयोग-यूपीएससी का सदस्‍य नियुक्‍त किया गया है। आयोग के अध्‍यक्ष डॉक्‍टर मनोज सोनी ने यूपीएससी भवन में श्रीमति सूदन को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। श्रीमति सूदन आंध्र प्रदेश कैडर की 1983 बैच की सेवानिव़ृत्‍त आईएएस अधिकारी हैं। वे खाद्य और सार्वजनिक वितरण विभाग, महिला और बाल विकास तथा रक्षा मंत्रालय में भी सचिव के पद पर कार्य कर चुकी हैं।

12. विस्तारा एयरलाइन्स का एअर इंडिया में विलय होगा

सिंगापुर की विस्तारा एयरलाइन्स का एअर इंडिया में विलय होगा। टाटा सन्‍स और सिंगापुर एयरलाइंस की ओर से जारी संयुक्‍त विज्ञप्ति में कहा गया है कि नियामक मंजूरी मिलने के साथ ही विलय की यह प्रक्रिया मार्च 2024 तक पूरी हो जाएगी। नई कंपनी में टाटा सन्‍स की करीब 75 फीसदी और सिंगापुर एयरलाइन्‍स की 25 फीसदी हिस्‍सेदारी होगी। विलय प्रक्रिया के तहत विस्‍तार एयरलाइन्‍स एअर इंडिया में 2 हजार करोड् रूपए का निवेश करेगी। विस्‍तारा के आ जाने से एअर इंडिया के विमानों और उडानों की संख्‍या में अच्‍छी खासी बढोतरी होगी जिससे उसकी घरेलू और अंतरराष्‍ट्रीय उडानों का किराया भी कम होने की उम्‍मीद है।

13. मेघालय मंत्रिमंडल की बैठक में सबसे पहली मानसिक स्‍वास्‍थ्‍य और सामाजिक देखभाल नीति पारित की गई

मेघालय मंत्रिमंडल की बैठक में अब तक की सबसे पहली मानसिक स्‍वास्‍थ्‍य और सामाजिक देखभाल नीति पारित की गयी । इस नीति के पारित होने से मेघालय पूर्वोत्‍तर में ऐसी नीति बनाने वाला पहला राज्‍य और देश में तीसरा राज्‍य बन गया है। इस नीति की परिकल्‍पना समग्र मानसिक स्‍वास्‍थ्‍य और कल्‍याण को बढ़ावा देना है। मुख्‍यमंत्री कोनार्ड के. संगमा ने बताया कि यह नीति विशेष रूप से बच्‍चों, किशोरों और युवाओं के लिए मानसिक स्‍वास्‍थ्‍य पर समुचित ध्‍यान सुनिश्चित करेगी।

14. संयुक्त राष्ट्र के एक पैनल ने विलुप्‍त होने वाले ऑस्ट्रेलिया के ग्रेट बैरियर रीफ को विश्व विरासत स्थल के रूप में सूचीबद्ध करने की सिफारिश की

संयुक्त राष्ट्र के एक पैनल ने विलुप्‍त होने वाले ऑस्ट्रेलिया के ग्रेट बैरियर रीफ को विश्व विरासत स्थल के रूप में सूचीबद्ध किए जाने की सिफारिश की है। इसने कहा कि दुनिया का सबसे बड़ा प्रवाल भित्ति पारिस्थितिकी तंत्र जलवायु परिवर्तन और महासागरों के गर्म होने से काफी प्रभावित हुआ है। मार्च में हुए दस दिन के मिशन की रिपोर्ट में बताया गया है कि जलवायु परिवर्तन एक गंभीर चुनौती बन गया है। ऑस्ट्रेलियाई पर्यावरण मंत्री तान्या प्लिबरसेक ने कहा कि सरकार यूनेस्को पर प्रवाल भित्तियों को लुप्तप्राय के रूप में सूचीबद्ध नहीं किये जाने के लिए दबाव बनायेगी क्योंकि जलवायु परिवर्तन विश्‍व भर में सभी प्रवाल भित्तियों के लिए खतरा बना हुआ है। ऑस्ट्रेलियाई सरकार ने रीफ की रक्षा के लिए जनवरी में एक अरब डॉलर के पैकेज की घोषणा की थी।

15. मुख्यमंत्री डॉ. प्रमोद सावंत ने मीरामार बीच पर क्लीन-ए-थॉन की शुरुआत की

भारतीय अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव (आईएफएफआई), 2022 के अंतिम दिन की शुरुआत मीरामार बीच पर सफाई अभियान के साथ हुई। गोवा सरकार के सहयोग से दिव्यज फाउंडेशन और भामला फाउंडेशन द्वारा आयोजित क्लीन-ए-थॉन हमारे आसपास स्वच्छता संबंधी मूल्यों को स्थापित करने की एक पहल है। इसके दायरे का विस्तार न केवल गोवा राज्य के निवासियों, बल्कि पर्यटकों तक भी किया गया है। गोवा के मुख्यमंत्री डॉ. प्रमोद पी सावंत, दिव्यज फाउंडेशन की संस्थापक सुश्री अमृता फडणवीस तथा गोवा मंत्रिमंडल के सदस्य इस अभियान का नेतृत्व कर रहे थे। जैकी श्रॉफकरण कुंद्रा जैसे बॉलीवुड अभिनेताओं और कोरियोग्राफर रेमो डिसूजा ने भी क्लीन-ए-थॉन में हिस्सा लिया। इस अभियान का आदर्श वाक्य है, “न गंदगी करूंगा, न करने दूंगा।

16. केवीआईसी के अध्यक्ष ने नैनीताल में महत्वाकांक्षी पुनर्वास परियोजना का उद्घाटन किया

केवीआईसी के अध्यक्ष श्री मनोज कुमार ने खादी और ग्रामोद्योग आयोग (सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय, भारत सरकार) की महत्वाकांक्षी पुनर्वास परियोजना (मधुमक्खियों का उपयोग करके हाथियों के मानव पर होने वाले हमलों को कम करना) का उद्घाटन नैनीताल जिले में हल्द्वानी के फतेहपुर वन परिक्षेत्र के अंतर्गत चौसला गांव में किया। उन्होंने चौसला गांव के ग्रामीण हितग्राहियों को 330 मधुमक्खी बक्से, मधुमक्खी कॉलोनियां और शहद निकालने वालों के लिए टूलकिट का निःशुल्क वितरण किया। इस परियोजना के तहत ऐसे क्षेत्रों में मधुमक्खियों के बक्सों की बाड़ लगाई जाती है, जहां से जंगली हाथी मानव बस्तियों और किसानों के खेतों की तरफ बढ़ते हैं। हाथियों के आने-जाने के रास्तों पर मधुमक्खी बक्सों की बाड़ लगाने से मार्ग अवरूद्ध हो जाता है। इस तरह से हाथियों द्वारा इंसानों पर हमला करने और किसानों की फसल बर्बाद होने को मधुमक्खियों के जरिए रोका जा सकता है।

17. श्री आर.के. सिंह ने बिहार में आरईसी की सीएसआर परियोजना के तहत 10 मोबाइल हेल्थ क्लीनिक ‘डॉक्टर आपके द्वार’ का उद्घाटन किया

केंद्रीय ऊर्जा और नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्री श्री आर.के.सिंह ने बिहार में भोजपुर जिले के आरा के सदर अस्पताल में दस मोबाइल हेल्थ क्लीनिक (एमएचसी) की खरीद, संचालन और रखरखाव के लिए आरईसी की सीएसआर पहल का उद्घाटन किया। परियोजना की कुल लागत 12.68 करोड़ रुपए है जिससे परियोजना के सुचारू संचालन के लिए तीन वर्षों के लिए परिचालन व्यय की सुविधा प्रदान की जाएगी। आरईसी लिमिटेड एक एनबीएफसी है जो पूरे भारत में विद्युत क्षेत्र के वित्तपोषण और विकास पर ध्यान केंद्रित कर रही है। 1969 में स्थापित, आरईसी लिमिटेड ने अपने संचालन के क्षेत्र में पचास वर्ष पूरे कर लिए हैं।

18. FSSAI ने हिमालयी याक को ‘खाद्य पशु’ के रूप में मंज़ूरी दी

भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने हिमालयी याक को ‘खाद्य पशु‘ के रूप में मंज़ूरी दे दी है। इस कदम से पारंपरिक दूध और मांँस उद्योग का हिस्सा बनाकर उच्च तुंगता वाले गोजातीय/बोवाइन पशुओं की आबादी में गिरावट को रोकने में मदद मिलने की उम्मीद है। खाद्य पशु वे हैं जिन्हें मनुष्यों द्वारा पाला जाता है और खाद्य उत्पादन या उपभोग के लिये उपयोग किया जाता है। याक बोवाइन (Bovini) जनजाति से संबंधित हैं, जिसमें बाइसन, भैंस और मवेशी भी शामिल हैं। यह -40 डिग्री सेल्सियस तक के तापमान को सहन कर सकता है। इनके लंबे बाल उच्च उच्च तुंगता वाले क्षेत्रों में रहने हेतु इन्हें अनूकूल बनाते है, जो पर्दे की तरह अपने पक्षों से लटके रहते हैं। इनके बाल इतने लंबे होते हैं कि वे कभी-कभी ज़मीन को छूते हैं। हिमालयी लोगों द्वारा याक को बहुत अधिक महत्त्व दिया जाता है। तिब्बती किंवदंती के अनुसार, तिब्बती बौद्ध धर्म के संस्थापक गुरु रिनपोछे ने सबसे पहले याक को पालतू बनाया था। भारतीय हिमालयी क्षेत्र के उच्च तुंगता वाले स्थानों पर उन्हें खानाबदोशों की जीवन रेखा के रूप में भी जाना जाता है।

19. ओडिशा सरकार ने एनीमिया उन्मूलन कार्यक्रम ‘AMLAN’ लॉन्च किया

ओडिशा में महिलाओं और बच्चों में एनीमिया की समस्या का पूर्ण उन्मूलन सुनिश्चित करने के लिए मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने राज्य में AMLAN- ‘एनीमिया मुक्त लाख अभियान’ शुरू किया है। राज्य ने लक्षित समूहों के बीच एनीमिया की त्वरित कमी के लिए एक बहु-आयामी दृष्टिकोण तैयार किया है। यह कार्यक्रम राज्य भर के 55,000 सरकारी और सरकारी सहायता प्राप्त स्कूलों और 74,000 आंगनवाड़ी केंद्रों में शुरू किया जाएगा।

20. अमेरिका ने दिग्गज चीनी टेक कंपनियों हुवावे और जेडटीई पर लगाया प्रतिबंध

अमेरिकी संचार आयोग (एफसीसी) ने चीन की हुवावे और जेडटीई कंपनी द्वारा बनाए गए संचार उपकरणों की बिक्री और आयात पर पाबंदी लगाई है। एफसीसी ने राष्ट्रीय सुरक्षा का हवाला देते हुए कुछ चीन निर्मित वीडियो प्रणालियों के इस्तेमाल पर ‘अस्वीकार्य जोखिम’ करार देते हुए प्रतिबंध लगाया है। अमेरिका में पांच सदस्यीय संघीय संचार आयोग (एफसीसी) ने नए नियमों पर सर्वसम्मति से मतदान किया। इसके तहत अमेरिका के महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे के लिए सुरक्षा खतरा पैदा करने वाले कुछ तकनीकी उत्पादों के आयात और बिक्री को रोक दिया जाएगा।

21. एयरो इंडिया 2023 बेंगलुरु में 13-17 फरवरी 2023 तक आयोजित किया जाएगा

केंद्रीय रक्षा मंत्रालय ने 27 नवंबर 2022 को घोषणा की है कि द्विवार्षिक एयर शो एयरोइंडिया-202313-17 फरवरी 2023 तक बेंगलुरु के येलहंकावायु सेना स्टेशन में आयोजित किया जाएगा। यह एयरो इंडिया का 14वां संस्करण होगा। एयरो इंडिया 1996 से फरवरी महीने में बेंगलुरु में आयोजित किया जा रहा है।

22. दुनिया का सबसे बड़ा एक्टिव ज्वालामुखी मौना लोआ 40 सालों में पहली बार फटा

दुनिया का सबसे बड़ा एक्टिव ज्वालामुखी मौना लोआ (Mauna Loa) हवाई (संयुक्त राज्य अमेरिका की एक जगह) में फट गया है। मौना लुआ,दुनिया का सबसे बड़ा सक्रिय ज्वालामुखी है,जो 40 सालों में पहली बार फटा है। यूनाइटेट स्टेट्स जियोलॉजिकल सर्वे (USGS) के मुताबिक ज्वालामुखी मौना लोआ के शिखर से विस्फोट 27 नवंबर को स्थानीय समयानुसार लगभग 11:30 बजे से शुरू हुआ था। उसके बाद से ही ज्वालामुखीय राख और लावा उगल रहा है। ज्वामुखी के शिखर पर ही अभी लावा निकल रहा है। हालांकि अभी स्थानीय लोगों को इससे कोई खतरा नहीं है।

23. फिलीस्तीनी लोगों के साथ एकजुटता का अंतर्राष्ट्रीय दिवस: 29 नवंबर

संयुक्त राष्ट्र द्वारा हर साल 29 नवंबर को International Day of Solidarity with the Palestinian People यानि फिलिस्तीनी लोगों के साथ एकजुटता का अंतर्राष्ट्रीय दिवस के रूप में मनाया जाता है। यह दिन प्रस्ताव 181 की वर्षगांठ पर मनाया जाता है, जिसमें महासभा ने 29 नवंबर, 1947 को फिलिस्तीन के विभाजन पर संकल्प को अपनाया था।