विश्व उच्च रक्तचाप दिवस

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1 विश्व उच्च रक्तचाप दिवस

विश्व उच्च रक्तचाप दिवस हर साल 17 मई को इसलिए मनाया जाता है क्योंकि इसे पहली बार इसी तारीख को साल 2006 में ‘वर्ल्ड हाइपरटेंशन लीग’ (डब्ल्यूएचएल ) द्वारा स्थापित किया गया था। इसका मुख्य उद्देश्य लोगों को ‘साइलेंट किलर’ माने जाने वाले उच्च रक्तचाप (हाई ब्लड प्रेशर) के खतरों और बचाव के प्रति जागरूक करना है। डॉक्टर इसे ‘साइलेंट किलर’ (मूक हत्यारा) कहते हैं। विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के अनुसार, अगर आपका ब्लड प्रेशर लगातार 140/90 एमएमएचजी या उससे ऊपर रहता है, तो आप इसके शिकार हो चुके हैं। इसका सबसे खतरनाक पहलू यह है कि शुरुआत में इसके कोई लक्षण (जैसे सिरदर्द या चक्कर आना) ही दिखाई नहीं देते। विश्व उच्च रक्तचाप दिवस (World Hypertension Day) की इस वर्ष की थीम “उच्च रक्तचाप को मिलकर नियंत्रित करना” (Controlling Hypertension Together!) है। जिनका उद्देश्य जन जागरूकता, रोकथाम और सामुदायिक भागीदारी को बढ़ावा देना होता है।

2 विश्व दूरसंचार दिवस

आज मनुष्य केवल संवाद नहीं करता, बल्कि एक विशाल डिजिटल नेटवर्क का सक्रिय हिस्सा बन चुका है। इसी ऐतिहासिक और तकनीकी परिवर्तन की स्मृति तथा उसके वैश्विक महत्व को रेखांकित करने के लिए प्रतिवर्ष 17 मई को “विश्व दूरसंचार एवं सूचना समाज दिवस” मनाया जाता है। यह दिवस केवल तकनीकी उपलब्धियों का उत्सव नहीं, बल्कि उस वैश्विक परिवर्तन का प्रतीक है जिसने पृथ्वी को “वैश्विक ग्राम” से आगे बढ़ाकर “डिजिटल सभ्यता” में रूपांतरित कर दिया है। विश्व दूरसंचार दिवस का इतिहास 17 मई 1865 से प्रारंभ होता है, जब पेरिस में “अंतरराष्ट्रीय टेलीग्राफ संघ” (International Telegraph Union) की स्थापना हुई। उस समय टेलीग्राफ आधुनिक संचार का सबसे तेज माध्यम था और विभिन्न देशों के बीच संदेशों के आदान-प्रदान हेतु एक अंतरराष्ट्रीय समन्वय की आवश्यकता महसूस की जा रही थी। इसी उद्देश्य से इस संगठन की स्थापना की गई। बाद में यही संस्था “अंतरराष्ट्रीय दूरसंचार संघ” (International Telecommunication Union – ITU) के रूप में विकसित हुई। 1947 में ITU संयुक्त राष्ट्र की विशेष एजेंसी बन गई। यह विश्व की सबसे पुरानी अंतरराष्ट्रीय तकनीकी संस्थाओं में से एक है, जिसने वैश्विक संचार व्यवस्था को व्यवस्थित और समन्वित बनाने में ऐतिहासिक भूमिका निभाई। 21वीं सदी में जब इंटरनेट और डिजिटल तकनीकों का प्रभाव तीव्र गति से बढ़ने लगा, तब संयुक्त राष्ट्र महासभा ने वर्ष 2005 में “सूचना समाज” (Information Society) की अवधारणा को वैश्विक महत्व प्रदान किया। इसके बाद इस दिवस को “World Telecommunication and Information Society Day (WTISD)” के रूप में व्यापक पहचान मिली।

3 अंतर्राष्ट्रीय प्रकाश दिवस

अंतर्राष्ट्रीय प्रकाश दिवस प्रत्‍येक वर्ष 16 मई को भौतिक विज्ञानी और अभियंता थियोडोर मैमन द्वारा 1960 में लेजर के पहले सफल संचालन की स्मृति में मनाया जाता है। इस वर्ष का विषय है “एक सतत भविष्य के लिए प्रकाश”, जो इस बात पर केंद्रित है कि प्रकाश-आधारित प्रौद्योगिकियां ऊर्जा-कुशल प्रकाश व्यवस्था, हरित विनिर्माण और बेहतर कृषि पद्धतियों के माध्यम से स्थिरता में कैसे योगदान देती हैं। इस अवसर पर, यूनेस्को ने वैज्ञानिक सहयोग को मजबूत करने और शांति और सतत विकास के लिए प्रकाश की शक्ति का उपयोग करने का आह्वान किया है।

4 राष्ट्रीय डेंगू दिवस

प्रत्‍येक वर्ष 16 मई को राष्ट्रीय डेंगू दिवस मनाया जाता है। स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा आधिकारिक रूप से घोषित इस दिवस का उद्देश्य डेंगू के प्रति जागरूकता बढ़ाना और मानसून से पहले इसके खिलाफ निवारक उपायों को मजबूत करना है। यह दिवस मच्छरों के प्रजनन को रोकने के उद्देश्य से सरल नियंत्रण रणनीतियों को बढ़ावा देने के लिए मनाया जाता है। इसमें रुके हुए पानी को हटाना और जल भंडारण टैंकों का उचित रखरखाव शामिल है। डेंगू के प्रसार को रोकने के लिए मई के महीने को मानसून से पहले जागरूकता गतिविधियों का मुख्य महीना घोषित किया गया है। मंत्रालय जुलाई माह को डेंगू-विरोधी माह के रूप में मनाता है, जिसके दौरान देशव्यापी स्तर पर निरंतर जागरूकता और रोकथाम अभियान चलाए जाते हैं। इस वर्ष के विषय – “डेंगू नियंत्रण के लिए सामुदायिक भागीदारी: जांच करें, साफ करें और ढकें

5 प्रधानमंत्री मोदी को नीदरलैंड्स के लीडेन विश्वविद्यालय ने भेंट किए 11वीं शताब्दी के ऐतिहासिक चोल ताम्रपत्र

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को नीदरलैंड्स में लीडेन विश्वविद्यालय के अधिकारियों ने 11वीं शताब्दी की ऐतिहासिक चोल ताम्रपत्र भेंट किए। इन अमूल्य कलाकृतियों की वापसी दोनों देशों की सांस्कृतिक सहयोग और विरासत बहाली के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण अवसर है। लीडेन ताम्रपत्र के नाम से प्रसिद्ध ये शाही दस्तावेज एक शताब्दी से अधिक समय से विश्वविद्यालय के एशियाई पुस्तकालय में संरक्षित थे। इस संग्रह में 21 बड़े और तीन छोटे ताम्रपत्र शामिल हैं। यह चोल राजा राजेंद्र चोल प्रथम की मुहर लगी एक कांस्य अंगूठी से बंधे हैं। पाँच प्लेटों पर संस्कृत में शिलालेख हैं, जबकि सोलह प्लेटों पर तमिल में शिलालेख हैं कुलुत्तुंगा चोल प्रथम की मुहर लगी प्लेटों के एक अन्य समूह में भी तमिल शिलालेख हैं। इन ताम्रपत्रों को चोल साम्राज्य के सबसे मूल्यवान अभिलेखों में से एक माना जाता है। इनमें इसके प्रशासन, कराधान, भूमि सुधार, सिंचाई प्रणालियों और व्यापारिक प्रथाओं का विस्तृत विवरण है। इन शिलालेखों से राजवंश की धार्मिक सद्भावता का भी पता चलता है। इनमें दक्षिण-पूर्व एशिया के श्रीविजया शासकों द्वारा स्थापित बौद्ध विहार के लिए अनाइमंगलम गाँव के अनुदान का उल्लेख है। इतिहासकारों का मानना ​​है कि ये शिलालेख लगभग एक हजार वर्ष पूर्व दक्षिण और दक्षिण-पूर्व एशिया के बीच मजबूत समुद्री, राजनयिक और सांस्कृतिक संबंधों के दुर्लभ प्रमाण प्रस्तुत करते हैं। इन कलाकृतियों के साथ-साथ, लीडेन विश्वविद्यालय अभिलेखीय रिकॉर्ड, मेटाडेटा और संबंधित पत्राचार भी भारत को सौंपेगा।

6 भारत में सेमीकंडक्‍टर विनिर्माण को बढ़ावा देने के लिए टाटा इलेक्‍ट्रॉनिक्‍स और डच कंपनी एएसएमएल के बीच समझौता

टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स और नीदरलैंड्स की सेमीकंडक्टर उपकरण निर्माता कंपनी एएसएमएल ने भारत में चिप निर्माण को बढ़ावा देने के लिए साझेदारी की है। इस समझौते की घोषणा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की नीदरलैंड्स यात्रा के दौरान की गई। एएसएमएल उन्नत और छोटे आकार के सेमीकंडक्टर बनाने में इस्तेमाल होने वाले विशेष लिथोग्राफी उपकरणों के क्षेत्र में अग्रणी कंपनी मानी जाती है। संयुक्त बयान में कहा गया है कि इस साझेदारी के तहत एएसएमएल, गुजरात के धोलेरा में टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स की आगामी 300 मिलीमीटर सेमीकंडक्टर फैब परियोजना की स्थापना और संचालन में सहयोग करेगी।

7 राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीशों की संख्या 33 से बढ़ाकर 37 करने को मंजूरी दी

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने सर्वोच्च न्यायालय (न्यायाधीशों की संख्या) संशोधन अध्यादेश, 2026 के माध्यम से सर्वोच्‍च न्‍यायालय में मुख्य न्यायाधीश के अलावा न्यायाधीशों की स्वीकृत संख्या को 33 से बढ़ाकर 37 करने की मंजूरी दे दी है। विधि और न्याय मंत्रालय की अधिसूचना के अनुसार इस अध्यादेश के माध्‍यम से सर्वोच्च न्यायालय (न्यायाधीशों की संख्या) अधिनियम, 1956 में संशोधन किया गया है। इस संशोधन से मुख्य न्यायाधीश सहित सर्वोच्च न्यायालय में न्यायाधीशों की कुल संख्या बढ़कर 38 हो गई है।

8 असम: मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने किया भारत की पहली एआई-संचालित “phygital” बैंकिंग शाखा का उद्घाटन

असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने गुवाहाटी में GS रोड पर Slice Small Finance Bank की भारत की पहली AI-पावर्ड “phygital” बैंकिंग ब्रांच का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि यह निवेश उस तरह के इनोवेशन-आधारित विकास को दिखाता है जिसे असम सरकार कई सालों से बढ़ावा दे रही है। मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार और Slice Small Finance Bank के बीच की साझेदारी को एक सार्थक सहयोग बताया, जो राज्य में वित्तीय समावेशन को मज़बूत करेगा। यह अगली पीढ़ी की बैंकिंग सुविधा AI-सक्षम सेल्फ-सर्विस कियोस्क, बिना कागज़ के कैश जमा और निकालने की सुविधा, और आसान डिजिटल ऑनबोर्डिंग प्रक्रियाओं के ज़रिए फिजिकल और डिजिटल बैंकिंग सेवाओं को एक साथ लाती है। इस ब्रांच का मकसद अलग-अलग वर्गों के ग्राहकों के लिए बैंकिंग सेवाओं को ज़्यादा सुलभ, सुविधाजनक और समावेशी बनाना है। बैंक से यह भी उम्मीद है कि वह व्यक्तियों और छोटे व्यवसायों के लिए ज़िम्मेदार क्रेडिट, बचत और भुगतान समाधानों तक पहुँच का विस्तार करेगा, खासकर उन लोगों के लिए जिनकी आधुनिक बैंकिंग सेवाओं तक पहुँच सीमित है।

9 गृह मंत्रालय ने त्रिपुरा में अतिरिक्त ‘इंडिया रिज़र्व बटालियन’ के गठन को मंज़ूरी दी

त्रिपुरा में कानून-व्यवस्था और सुरक्षा को मज़बूत करने के लिए गृह मंत्रालय ने एक अतिरिक्त ‘इंडिया रिज़र्व बटालियन’ के गठन को मंज़ूरी दे दी है। केंद्र सरकार ने इसके गठन के लिए 50 करोड़ रुपये का एकमुश्त वित्तीय अनुदान और बुनियादी ढांचे के विकास के लिए 30 करोड़ रुपये तक की राशि मंज़ूर की है। यह बटालियन साजो-सामान और तैनाती के लिए मानक संघीय प्रोटोकॉल का पालन करेगी, उग्रवाद-रोधी अभियानों और सीमा सुरक्षा पर ध्यान केंद्रित करेगी। इसके साथ ही आवश्‍यकता पडने पर इन कर्मियों को देशभर में कहीं भी तैनात करने का अधिकार केंद्र के पास रहेगा। मुख्यमंत्री माणिक साह ने आशा कार्यकर्ताओं के कल्याण के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दोहराया।

10 प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अली फलिह काधिम अल-ज़ैदी को इराक के प्रधानमंत्री के रूप में पदभार ग्रहण करने पर बधाई दी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अली फलिह काधिम अल-ज़ैदी को इराक के प्रधानमंत्री के रूप में पदभार ग्रहण करने पर बधाई दी है। एक व्यवसायी, श्री अल-ज़ैदी, कोऑर्डिनेशन फ्रेमवर्क की सदस्य पार्टियों के बीच हफ़्तों चली आंतरिक बहस के बाद प्रधानमंत्री पद के लिए एक सर्वसम्मत उम्मीदवार के रूप में सामने आए; इस बहस का उद्देश्य इराक में अगली सरकार का नेतृत्व करने के लिए एक समझौता-उम्मीदवार का चयन करना था।

11 केंद्रीय मंत्री श्री जयंत चौधरी ने युगांडा के राष्ट्रपति के शपथ ग्रहण समारोह में भारत का प्रतिनिधित्व किया

भारत सरकार के कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय में राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) और शिक्षा राज्य मंत्री, श्री जयंत चौधरी हाल ही में युगांडा गणराज्य के राष्ट्रपति महामहिम जनरल योवेरी कगुटा मुसेवेनी के शपथ ग्रहण समारोह में भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए युगांडा गए थे। श्री चौधरी ने अपनी यात्रा के दौरान, राष्ट्रपति मुसेवेनी को उनके सातवें कार्यकाल के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और भारत की जनता की ओर से बधाई दी और सद्भावना का संदेश दिया। श्री चौधरी ने जिंजा में राष्ट्रीय फोरेंसिक विज्ञान विश्वविद्यालय (एनएफएसयू-आई) युगांडा परिसर (कैंपस) का भी दौरा किया, जो भारत का पहला विदेशी सार्वजनिक शैक्षणिक कैंपस है। इस कैंपस में अक्टूबर 2025 में पहले बैच के छात्रों का नामांकन किया था।

12 ऑपरेशन रेजपिल के अंतर्गत 182 करोड़ रुपये मूल्य की कैप्टागन ड्रग्स ज़ब्त की गई

भारत की मादक पदार्थों की तस्करी को रोकने से जुड़ी एजेसिंयों ने पहली बार ऑपरेशन रेजपिल के अंतर्गत 182 करोड़ रुपये मूल्य की कैप्टागन ड्रग्स ज़ब्त की है। कैप्टागन फेनेथिलिन का प्रचलित नाम है, जो एक सिंथेटिक उत्तेजक दवा है जिसे मूल रूप से 1960 के दशक में ध्यान संबंधी विकारों और नार्कोलेप्सी के चिकित्सा उपचार के लिए विकसित किया गया था। इसकी लत लगने की प्रवृत्ति और दुरुपयोग की संभावना के कारण, मूल दवा फॉर्मूलेशन को अंततः अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिबंधित कर दिया गया था।

13 सीएसआईआर-एएमपीआरआई ने स्वदेशी सोडर प्रणाली प्रौद्योगिकी को उद्योग को हस्तांतरित करके अपना 46वां स्थापना दिवस मनाया

भोपाल स्थित सीएसआईआर की एक घटक प्रयोगशाला – एडवांस्ड मैटेरियल्स एंड प्रोसेसेज रिसर्च इंस्टीट्यूट (एएमपीआरआई) ने 12 मई, 2026 को अपना 46वां स्थापना दिवस मनाया (समारोह 12-14 मई 2026 के दौरान आयोजित किए गए)। इस विशेष अवसर पर, सीएसआईआर-एएमपीआरआई, भोपाल द्वारा मेसर्स मेटियोएक्सपर्ट्स सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड, नोएडा को एसओडीएआर (साउंड डिटेक्शन एंड रेंजिंग) सिस्टम की तकनीक हस्तांतरित की गई। यह समारोह भारत सरकार के वैज्ञानिक और औद्योगिक अनुसंधान परिषद (सीएसआईआर) महानिदेशक (डीजी) और वैज्ञानिक और औद्योगिक अनुसंधान विभाग (डीएसआईआर) के सचिव डॉ. एन. कलैसेल्वी की गरिमामयी उपस्थिति में संपन्न हुआ। मेसर्स मेटियोएक्सपर्ट्स सॉल्यूशंस, नोएडा के निदेशक श्री सिद्धार्थ गुप्ता भी इस अवसर पर उपस्थित थे।